वित्त मंत्री निर्मला सितारामन, कैबिनेट को राष्ट्रपति कोविंड द्वारा अनुमोदित किया गया
By Dheerendra Singh, 11:19:04 AM | February 01

निर्मला सीतारमण, वित्त राज्य मंत्री भागवत किशनराव कराड, पंकज चौधरी और वित्त मंत्रालय के उनके वरिष्ठ अधिकारियों ने केंद्रीय बजट 2022-23 को पेश करने से पहले राष्ट्रपति रामनाथ कोविंड से मुलाकात की। उसके बाद, केंद्रीय मंत्रिमंडल हुई, जहां बजट को मंजूरी दे दी गई।
संसद में पेश आर्थिक सर्वेक्षण में कहा गया कि कोरोना महामारी का भारतीय शिक्षा प्रणाली पर काफी प्रभाव पड़ा और स्कूलों में 6 से 14 वर्ष आयु वर्ग के ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों के दाखिले में गिरावट दर्ज की गई। महामारी के कारण ऑनलाइन शिक्षा की ओर झुकाव के कारण डिजिटल खाई की स्थिति में इजाफा हुआ। आधिकारिक डाटा उपलब्ध नहीं होने के कारण सर्वेक्षण सरकार के लघु अध्ययन और असर जैसी गैर सरकारी एजेंसियों के सर्वे के वैकल्पिक स्रोतों पर आधारित थी।
वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बजट पेश करने से पहले राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मुलाकात की। इस दौरान निर्मला सीतारमण के साथ वित्त राज्य मंत्री भागवत किशनराव कराड, पंकज चौधरी और वित्त मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों मौजूद रहे। आपको बता दें कि बजट की प्रतियां संसद भवन पहुंच चुकी हैं और इस बार भी बजट को पेपरलेस करने की कोशिश की गई है। इसके अलावा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय कैबिनेट की बैठक हुई। जहां पर बजट पर मंजूरी दी गई।
रोजगार की स्थिति बेहतर हुई
वहीं आर्थिक सर्वेक्षण में रोजगार की स्थिति को बेहतर बताया गया है। देश में रोजगार की स्थिति बेहतर हुई है। कोरोना महामारी की रोकथाम के लिए अप्रैल-जून 2020 में देशव्यापी लॉकडाउन के समय रोजगार में गिरावट के बाद नौकरी से जुड़े विभिन्न संकेतक अब इसमें तेजी के रुख को दर्शा रहे हैं। आर्थिक सर्वेक्षण में कहा गया कि कोरोना महामारी की रोकथाम के लिए 2020-21 की पहली तिमाही में गिरावट के बाद रोजगार से जुड़े विभिन्न संकेतक, इसमें तेजी का संकेत दे रहे हैं।
आर्थिक वृद्धि दर 8-8.5 % रहेगी
भारतीय अर्थव्यवस्था अगले वित्त वर्ष में 8-8.5 प्रतिशत की दर से बढ़ेगी। आर्थिक सर्वेक्षण के मुताबिक, साल 2022-23 का वृद्धि अनुमान इस धारणा पर आधारित हैं कि आगे कोई महामारी संबंधी आर्थिक व्यवधान नहीं आएगा, मानसून सामान्य रहेगा, कच्चे तेल की कीमतें 70-75 डॉलर प्रति बैरल के दायरे में रहेंगी और वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला के व्यवधान इस दौरान लगातार कम होंगे।
शेयर बाजार में उछाल
बजट से पहले शेयर बाजार में उछाल देखने को मिला है। बाजार के शुरू होते ही बैंकिंग और फाइनेंस कंपनियों के शेयर में तेजी देखने को मिल रही है। बीएसई सेंसेक्स पर इंडसइंड बैंक, आईसीआईसीआई बैंक, एक्सिस बैंक, एचडीएफसी बैंक के शेयर भी बढ़ोतरी देखने को मिल रही है।
वहीं आसार है कि संसद का बजट सत्र हंगामेदार रहने वाला है। विपक्ष ने पेगासस जासूसी मामले, पूर्वी लद्दाख में चीनी घुसपैठ जैसे मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी की है। हालांकि सरकार ने साफ किया है कि पेगासस मुद्दे पर अब अलग से चर्चा की जरूरत नहीं है क्योंकि यह मामला विचाराधीन है। संसदीय कार्य मंत्री प्रहलाद जोशी ने सर्वदलीय बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में कहा कि यदि विपक्षी दल चाहे तो राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव पर बोलते हुए कोई भी मुद्दा उठा सकते हैं।
कब तक चलेगा सत्र
संसद के बजट सत्र की शुरूआत हो चुकी है और 31 जनवरी को वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने लोकसभा में साल 2021-22 का आर्थिक सर्वेक्षण भी पेश कर दिया है। आपको बता दें कि बजट सत्र का पहला चरण 31 जनवरी से 11 फरवरी तक चलेगा। इसके बाद विभिन्न विभागों के बजटीय आवंटन पर विचार के लिए अवकाश रहेगा। जबकि दूसरा चरण 14 मार्च से लेकर 8 अप्रैल तक चलने वाला है।
सत्र से पहले न्यूयॉर्क टाइम्स की एक रिपोर्ट में दावा किया गया था कि भारत ने साल 2017 में इजराइल के साथ दो अरब डॉलर के रक्षा सौदे के हिस्से के रूप में पेगासस स्पाईवेयर खरीदा था, जिसके बाद पेगासस का मुद्दा फिर से उठ गया और शीतकालीन सत्र में सभी ने देखा कि पेगासस मुद्दे को लेकर किस तरह से विपक्ष सरकार पर हमलावर दिखाई दिया था।