बरेली में आईसीएल कंपनी के डायरेक्टर ने निवेशकों को लगाया 1000 करोड़ का चूना, एक मंत्री का करीबी है कंपनी का डायरेक्टर
By Atulesh Pandey, 11:40:12 AM | May 27

बरेली में आईसीएल कंपनी के डायरेक्टर ने निवेशकों को लगाया 1000 करोड़ का चूना, एक मंत्री का करीबी है कंपनी का डायरेक्टर
बरेली में आईसीएल कंपनी के मालिक ने 1000 करोड़ का घोटाला किया है जिसमें हजारों निवेशकों के रुपये हड़पने लिए है शुक्रवार की रात हो निवेशक ने आईसीएल ग्रुप ऑफ कंपनीज के निदेशक रूप किशोर गोला को अपने साथियों के साथ अखा गांव के पास स्थित उसके डेयरी फार्म से पकड़ लिया। वह यहां रात की पार्टी की तैयारी कर रहा था। निवेशक उसे पकड़कर गांधीपुरम कार्यालय ले गए और और प्रेम नगर पुलिस के हवाले कर दिया । कंपनी के सीएमडी आरके गोला, एमडी जेके गुप्ता, अवधेश गोला समेत 11 के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करा रखी है। इसके अलावा प्रदीप कुमार सक्सेना ने भी आरोपी के खिलाफ थाना प्रेमनगर में रिपोर्ट दर्ज कराई है। जिसकी अपराध संख्या 191/2022 है। एक अन्य व्यक्ति ने भी गोला के खिलाफ प्रेमनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई है। जिसका अपराध संख्या 10/2023 है। शुक्रवार को भी कई निवेशकों ने आरोपी के खिलाफ थाना प्रेमनगर में शिकायती पत्र दिये है। उधर निवेशकों के कहने पर प्रेम नगर पुलिस आरके गोला और उसके सहयोगी को थाने ले आई है। प्रेम नगर पुलिस का कहना है कि सभी से पूछताछ की जा रही है। कुछ और निवेशकों ने भी शिकायती पत्र दिये है। गोला और उसके सहयोगियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर की जाएगी।
निवेशक ने आरोपी के खिलाफ तहरीर देकर आरोप लगाया कि कंपनी ने पांच साल में निवेश की गई रकम दोगुनी करने का एग्रीमेंट किया था लेकिन मियाद पूरी होने के ढाई साल बाद भी पैसा नहीं लौटा रही है। कुछ
निवेशकों का कहना है कि उन्हें बताया गया कि पांच वर्ष रुपये जमा करने पर 12.5 प्रतिशत ब्याज मिलेगा और पांच वर्ष पूरे होने पर रुपये वापस कर दिए जाएंगे। बताया कि कोरोना काल 2020 में अवधि पूरी हो गई थी। उस वक्त जब निवेशकों ने रुपये मांगे तो रूपकिशोर गोला ने सभी निवेशकों से कह दिया कि कोरोना काल के कारण कंपनी घाटे में चली गई है। कुछ इंतजार करो। आरोप है कि इसके बाद बिना किसी के हस्ताक्षर कराए एफडी की अवधि तीन वर्ष और बढ़ा दी। लोगों ने बताया कि दिसंबर 2022 में अवधि पूरी हो गई। तब लोगों ने जनवरी में रुपये मांगे। इस पर रूपकिशोर गोला और उसके सहयोगी टालमटोल करने लगे। और अपने सत्ता पक्ष की हनक दिखाने लगा। और लोगों ने बताया कि आरके गोला उन लोगों से व्हाट्सएप कॉल पर बात करता था। काल के दौरान वह हमेशा विदेश में रहने की बात कहता था। गुरुवार रात को उन लोगों को पता चला कि शुक्रवार को आरके गोला अखा स्थित अपने डेयरी फार्म पर शाम को पार्टी करने के लिए आ रहा है। इसके बाद निवेशक एक दूसरे से वार्ता करके एकत्र हुए और अखा स्थित डेयरी फार्म पर पहुंच गए।
उसने और सहयोगी ने पहले लोगों से हेकड़ी दिखाई, लेकिन जब निवेशक गर्म हुए तो वह उनके साथ चला गया। इसके बाद सभी लोग गांधीपुरम कार्यालय लेकर गए। वहां से पुलिस उसे और उसके सहयोगी को थाने ले आई।
बरेली के कुछ लोग इन्होंने निवेश किया
रामपाल शाही ने 3.50 लाख उमेश कुमार मिलक 4.50 लाख द्वारिका प्रसाद 1.5 लाख
गुलाबनगर निवासिनी नीता सक्सेना के 1.85 लाख रुपये, भूड़ की निधि सक्सेना के 1.85 लाख, शाहबाद गेट निवासी उमेश के 2.25 लाख रुपये, भूड़ की रीता के 4.40 लाख, शाहबाद की छाया के 64 हजार, ईश्वरवती के 1.85 लाख, मुकेश वर्मा के 2.32 लाख, अंकित वर्मा के 65700, प्रदीप कुमार के 48900, दर्पण वर्मा के 8200, अंकित वर्मा के 32 हजार, जगदीश सरन वर्मा के 69300, अनिल वर्मा के 40800, संजीव वर्मा के 9 हजार, 1.10 लाख, 83 हजार, प्रीति वर्मा के 1.10 लाख, मुकेश वर्मा के 1.21 लाख, जैसे लाखों लोग हैं जिन्होंने इस कंपनी में निवेश किया है इस कंपनी का जाल उत्तर प्रदेश बिहार छत्तीसगढ़ झारखंड महाराष्ट्र तक फैला हुआ है
सूत्रों के हवाले से पता चला है कि कंपनी के डायरेक्टर आरके गोला के संबंध सत्ताधारी पार्टी के एक मंत्री से हैं जिस कारण आज तक वह बचता रहा उसके कई फोटो सोशल मीडिया पर भी वायरल है जिस कारण किसी अधिकारी की हिम्मत नहीं हुई कार्रवाई करने की अब लोगों कहना है सिर्फ योगी जी से उम्मीद है कि ऐसे अपराधियों पर सख्त से सख्त कार्रवाई हो जो गरीब निवेशकों का पैसा लेकर वापस नहीं देते हैं। लोगों ने बताया कि कंपनी के वार्षिक एनिवर्सरी पर फिल्मी सितारे भी आते थे। जिसमें महिमा चौधरी और कुछ कलाकार प्रमुख थे